कोरबा-दीपका: एसईसीएल दीपका क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम पंचायत मलगांव के ग्रामीणों ने अपने पंचायत के अस्तित्व को बचाने और अपनी मांगों के निराकरण के लिए कोरबा कलेक्ट्रेट कार्यालय में ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि 30 दिसंबर तक उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हुआ तो वे कार्यालय का घेराव करेंगे।
ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम पंचायत मलगांव को एसईसीएल दीपका क्षेत्र द्वारा अधिग्रहित किया जा चुका है। इस प्रक्रिया में मुआवजा, बसाहट, और रोजगार से जुड़ी समस्याओं का समाधान अब तक नहीं हो पाया है। ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने राज्य शासन और एसईसीएल प्रबंधन को कई बार आवेदन प्रस्तुत किए हैं, लेकिन अब तक उनके आवेदन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
ग्रामीणों की प्रमुख समस्याएं:
- मुआवजे में कटौती: ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि अधिग्रहण के दौरान मुआवजे में गड़बड़ी की गई है, जिससे उनका हक मारा गया है।
- बसाहट का समाधान नहीं: अधिग्रहण के बाद ग्रामीणों के लिए पुनर्वास की कोई ठोस व्यवस्था नहीं की गई है।
- रोजगार के अवसरों की कमी: ग्रामीणों ने रोजगार देने की मांग की थी, लेकिन इस पर भी कोई निर्णय नहीं लिया गया।
ग्रामीणों की उम्मीद और चेतावनी:
ग्रामीणों ने कहा कि वे लंबे समय से समस्या के समाधान की उम्मीद कर रहे हैं और अब भी राज्य शासन व एसईसीएल प्रबंधन से न्याय की आशा रखते हैं। लेकिन अगर उनकी समस्याओं का जल्द निराकरण नहीं किया गया तो वे सोमवार, 30 दिसंबर को कलेक्ट्रेट कार्यालय का घेराव करेंगे।
ग्रामीणों के इस आंदोलन ने प्रशासन और एसईसीएल प्रबंधन पर दबाव बढ़ा दिया है। अब देखना यह होगा कि उनकी मांगों को लेकर शासन और प्रबंधन क्या कदम उठाते हैं।



