बरसात आते ही दम तोड़ती सड़के, लाखों की सड़क पर भ्रष्टाचार का साया

Must Read

कोरबा-दीपका(आधार स्तंभ) :  दीपका नगर पालिका प्रशासन द्वारा लाखों रुपये की लागत से बनाए गए गौरव पथ मार्ग की पोल महज एक महीने के भीतर ही खुल गई है। थाना चौक से लेकर दीपका रेलवे फाटक तक लगभग एक माह पूर्व कराए गए डामरीकरण (सड़क निर्माण) का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह से उखड़ चुका है। रेलवे फाटक के पास की सड़क अब बड़े-बड़े गड्ढों में तब्दील हो चुकी है जिससे यहाँ से गुजरने वाले राहगीरों और स्थानीय निवासियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है ।

👉🏻लाखों की सड़क पर भ्रष्टाचार का साया?

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासन ने लाखों रुपये खर्च कर इस सड़क का निर्माण कराया था ताकि लोगों का आवागमन सुगम हो सके। दीपका रेलवे फाटक के पास का यह मार्ग कॉलोनी से निकलने वाले राहगीरों और दीपका की ओर से अपने गंतव्य को जाने वाले लोगों के लिए एकमात्र मुख्य विकल्प है। लेकिन, महज 30 दिनों के भीतर सड़क का इस कदर जर्जर हो जाना निर्माण कार्य की गुणवत्ता और प्रशासनिक निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े करता है ।

👉🏻जाम नालियां बनीं मुसीबत, सड़क पर बह रहा गंदा पानी

 

राहगीरों और स्थानीय निवासियों के अनुसार गौरव पथ मार्ग से जुड़ी नालियां पूरी तरह से जाम हो चुकी हैं। नालियों की सफाई न होने के कारण गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है और जलभराव की स्थिति निर्मित हो गई है । सड़क पर पानी भरे होने और गहरे गड्ढों के कारण स्थिति बेहद जानलेवा हो चुकी है दोपहिया वाहन चालक आए दिन यहाँ फिसलकर दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं और रात के समय इस मार्ग से गुजरना किसी खतरे से कम नहीं।जलभराव के कारण क्षेत्र में संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा भी मंडरा रहा है ।

👉🏻प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग

क्षेत्र के नागरिकों ने नगर पालिका दीपका परिषद प्रशासन का ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर आकर्षित कराते हुए बताया कि यदि जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत नहीं की गई और जलभराव की समस्या का त्वरित निराकरण नहीं हुआ और भी कई समस्याओं का सामना करना पड़ेगा समय रहते सड़क और मार्ग से जुड़ी हुई नालियां को सफाई किया जाना जरूरी है ।

निवासियों का कहना है हम टैक्स देते हैं लेकिन हमें गड्ढे और जाम नालियां मिलती हैं। प्रशासन को तुरंत नींद से जागना चाहिए और इस मार्ग को दुरुस्त करना चाहिए ताकि किसी बड़ी अनहोनी को टाला जा सके ।

Latest News

चक्रवात ‘अनर्ब’ के अलर्ट पर जिलों में अलग-अलग फैसले: कहीं एक दिन – कहीं दो दिन स्कूल बंद, तो कोरबा और रायपुर में शिक्षकों...

एक ही मौसम चेतावनी पर प्रशासनिक निर्णयों में दिखा अंतर, विद्यार्थियों की सुरक्षा के लिए छुट्टी घोषित लेकिन शिक्षकों...

More Articles Like This

- Advertisement -