कोरबा। जिले में एक बड़ी घटना सामने आई है, जिसमें न्यायालय ने एक प्रकरण में विचार करते हुए तत्कालीन थाना प्रभारी और एक अन्य आरोपी के खिलाफ गंभीर धाराओं में एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। यह आदेश न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कटघोरा रूपल अग्रवाल ने परिवाद पत्र 156(3) दंड प्रक्रिया संहिता के अंतर्गत दिया।
मामला यह है कि तत्कालीन थाना प्रभारी प्रमोद डडसेना पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए किराएदार के दबाव में आकर एक मकान मालिक, रामलाल चौहान के दुकान में अवैध प्रवेश किया और धमकाया। साथ ही, उन्होंने मकान मालिक को थाने में अवैध तरीके से ले जाकर दो घंटे तक परिरुद्ध रखा और उसका भयादोहन किया।
न्यायालय ने इस घटना को गंभीरता से लिया और थाना प्रभारी प्रमोद डडसेना पर धारा 166 (किसी सरकारी अधिकारी द्वारा अधिकार का दुरुपयोग), 451 (गैरकानूनी प्रवेश), 384 (भयादोहन) 506 (धमकी) और 34 (साझा इरादा) भारतीय दंड संहिता के तहत एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
इसके अलावा, मामले में एक अन्य आरोपी हेतराम साहू के खिलाफ भी धारा 451, 384 और 34 भारतीय दंड संहिता के तहत जुर्म दर्ज करने के आदेश दिए गए हैं।



