कोरबा(आधार स्तम्भ) : कोेरबा जिले में डिजिटल अरेस्ट करने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। रविवार की दोपहर पुरानी बस्ती क्षेत्र में एक वार्डसएप कॉल आया। कॉल करने वाले ने अपने आपको सीबीआई का बड़ा अधिकारी बताया। वार्डसएप कॉल में पुलिस अधिकारी का फोटो वर्दी के साथ दिखाई दे रहा था। ऐसे में स्वभाविक है कि सामने वाला नरमी से ही बात करेगा।
कुछ देर के लिए तों परिवार के लोग सहम गए, लेकिन कुछ देर बात करने के बाद यह साफ हो गया कि कॉल करने वाला फ्राड है। टूडे स्टूडियो ने कॉल करने वाले इस नकली सीबीआई अधिकारी और पुरानी बस्ती निवासी व्यक्ति के बीच हुई बातचीत जिलेवासियों के साथ साझा की है, ताकि डिजिटल अरेस्ट होने से बचा जा सके। नकली सीबीआई अधिकारी ने कॉल पर पूछताछ करते हुए कहा कि आपके घर में कितने लोग रहते हैं और लड़के कितने है। व्यक्ति ने बताया कि मेरे लड़के नहीं दो लड़कियां है। अधिकारी ने पूछा कि लड़कियां क्या करती है।
यह बताने पर कि एक लड़की प्राइवेट फर्म में जॉब कर रही है। दूसरी पढ़ाई कर रही है। इस पर अधिकारी ने दबंग लहजे में कहा कि एक गंभीर मामले में चार लोगों को अरेस्ट किया गया है। मामले में तुम्हारी एक लड़की का भी नाम सामने आ रहा है। हमने उसे अरेस्ट कर लिया है और साथ लेकर जा रहे हैं। जब इस नकली सीबीआई अधिकारी से कहा गया कि हमें अपनी लड़की से बात कराओ तो वार्डसएप कॉल में एक भयभीत लड़की की आवाज सुनाई गई। लड़की डरी सहमी आवाज में कह रही है कि पापा मुझ़े बचाओ… । इसी दौरान परिजनों ने दूसरे मोबाईल से अपनी लड़की को कॉल मिलाया तो उसकी आवाज साधारण थी।
उसे बताया गया कि हमारी लड़की से हम बात कर रहे हैं। आप किसकी आवाज सुना रहे हो। इतना सुनते ही सामने वाले ने कॉल कट कर दिया। वार्डसएप कॉल में जब लड़की के परिजनों इस नकली सीबीआई अधिकारी से पूछा कि इस गंभीर मामले से बचने के लिए क्या करना होगा तो उसने कहा कि इसके लिए आपको गूगल पेमेंट करना होगा। जब साइबर जानकारों से वार्डसएप कॉल और नंबर की जानकारी ली गई कि यह नंबर कहां से आया है और किसका हो सकता है। इस पर बताया गया कि यह नंबर 92 3234529199 पाकिस्तान का है और वार्डसएप कॉल की डीपी में किसी दूसरे व्यक्ति का फोटो हो सकता है।



