जांजगीर-चाम्पा(आधार स्तंभ) : सायबर थाना जांजगीर पुलिस ने चेन मार्केटिंग की तर्ज पर संचालित किए जा रहे ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। जिला पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पांडेय (ips) के मार्गदर्शन में पुलिस ने BDG ऑनलाइन सट्टा ऐप के मास्टर एडमिन समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के मोबाइल से सट्टा ऐप की आईडी, स्क्रीनशॉट, व्हाट्सएप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्य जब्त किए गए हैं।
पुलिस के मुताबिक न्यू चंदनियापारा लिंक रोड निवासी हेमलाल यादव उर्फ सोनू के ऑनलाइन सट्टा संचालित करने की सूचना पर रेड की गई थी। पूछताछ में उसने बताया कि उसे सट्टा खेलने की आईडी शैलेंद्र कुमार शर्मा उर्फ शैलू से मिली थी।
पुलिस के मुताबिक न्यू चंदनियापारा लिंक रोड निवासी हेमलाल यादव उर्फ सोनू के ऑनलाइन सट्टा संचालित करने की सूचना पर रेड की गई थी। पूछताछ में उसने बताया कि उसे सट्टा खेलने की आईडी शैलेंद्र कुमार शर्मा उर्फ शैलू से मिली थी।
इसके बाद पुलिस ने शैलेंद्र को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ। पुलिस के अनुसार शैलेंद्र BDG की मास्टर आईडी और लिंक दूसरे लोगों तक पहुंचाता था। वह अपने नीचे नए लोगों को जोड़ने के लिए लिंक देता और उनके द्वारा सट्टे में पैसा लगाने पर कमीशन कमाता था। इसी तरह नेटवर्क में नए ग्राहक जुड़ते चले गए।
पुलिस ने शैलेंद्र की निशानदेही पर महेश प्रसाद राठौर, राकेश कुमार राठौर, दुर्गेश कुमार राठौर और हीरालाल यादव को भी गिरफ्तार किया। पुलिस को आरोपियों के मोबाइल में ऑनलाइन सट्टे से जुड़े डिजिटल प्रमाण मिले हैं।
30 लाख से ज्यादा के लेन-देन के संकेत
जांच में व्हाट्सएप चैट के अलावा USDT यानी डिजिटल करेंसी के जरिए लेनदेन किए जाने के प्रमाण भी मिले हैं। आरोपियों के खातों में करीब 30 लाख रुपये से अधिक का लेनदेन पाए जाने की जानकारी पुलिस ने दी है। मुख्य आरोपी शैलेंद्र के करीब 20 लाख रुपये का ऑनलाइन सट्टा खेलने और इस दौरान लाखों रुपये हारने की बात भी सामने आई है।
पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम 2022 की धारा 7 और BNS की धारा 112(2) के तहत मामला दर्ज कर न्यायालय में पेश किया है। दूसरे राज्य से जुड़े नेटवर्क की भी जांच की जा रही है।
पुलिस ने लोगों से अपील की है कि ऑनलाइन सट्टा खेलने या किसी अनजान APK फाइल, लिंक अथवा ऐप को डाउनलोड करने से बचें। ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क से जुड़े लोगों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।




