बलौदा क्षेत्र के भैंसतरा धान उपार्जन केंद्र में अव्यवस्था और मनमानी चरम पर है। किसानों से तय मानक से अधिक धान तौलने और रख-रखाव में लापरवाही का मामला सामने आया हैं। भैंसतरा केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक कांटे को माइनस 870 ग्राम पर सेट कर दिया गया है। ऊपर से किसानों से आठ से नौ सौ ग्राम अतिरिक्त धान लेने की बात सामने आई है।
एक किसान ने बताया कि वे घर से 41 किलो 500 ग्राम धान तौलकर लाए है, उनकी तरह अन्य किसान भी इसी तरह अतिरिक्त धान ला रहे है। हालांकि किसान ने इसके पीछे केंद्र प्रभारी का नाम स्पष्ट नहीं किया। लेकिन उनके बात से यह स्पष्ट हो गया, कि किसानों से एक से डेढ़ किलो ज्यादा धान मंगाया जा रहा है और इलेक्ट्रॉनिक कांटा में 870 ग्राम माइनस कर धान की अतिरिक्त तौल की जा रही है। जबकि कलेक्टर द्वारा स्पष्ट निर्देश है कि किसानों से निर्धारित मात्रा में ही धान लिया जाए। इसके लिए सबंधित अधिकारियों को निर्देशित भी किया है। इसके बावजूद केंद्र प्रभारी धान तौल में गड़बड़ी कर रहे हैं और अतिरिक्त धान लेकर किसानों को आर्थिक नुकसान पहुंचा रहे है।
धान की सुरक्षा पर लापरवाही
धान खरीदी केंद्रों को रख-रखाव के लिए ढाई से तीन लाख रुपये की राशि उपलब्ध कराई गईं है, जिससे धान की सुरक्षा और किसानों की मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जा सकें। लेकिन भैंसतरा केंद्र में धान को जमीन पर स्टॉक लगा रखा गया है, जिससे बारिश के दौरान धान खराब होने का खतरा बढ़ गया है। पिछले दिनों हुई झमाझाम बारिश में कई खरीदी केंद्रों में धान की बोरिया बारिश से भीग गईं थी इसके बाद भी भैंसतरा केंद्र प्रभारी द्वारा लापरवाही की जा रही है। यह अव्यवस्था न केवल कलेक्टर के निर्देशों की अवहेलना है, बल्कि किसानों की मेहनत और अधिकारों पर कुठाराघात भी है। प्रशासन को इस मामले में तुरंत सुधारात्मक कार्रवाई करनी चाहिए।
मीडिया के आते ही तौल बंद
उपार्जन केंद्रों में देखने को मिल रहा है कि मीडिया के पहुंचते ही तौल को बंद कर दिया जाता है। ताकि अत्यधिक तौल मीडिया के कैमरों में कैद न हो सके। इसी तरह की हरकत भैंसतरा केंद्र में भी देखने को मिली। मीडिया के पहुंचते ही तौल बंद करा दिया गया। लेकिन इलेक्ट्रॉनिक कांटा में 870 ग्राम माइनस को जीरो नहीं कर पाए। अगर नए पुराने बोरी का वजन देखा जाए तो 580 ग्राम से लेकर 680 ग्राम के बीच रहती है। फिर भी वजन 200 ग्राम अतिरिक्त है। इससे साबित होता कि केंद्र प्रभारी मनमानी कर रहा है।
केंद्र प्रभारी की सफाई
केंद्र प्रभारी सूर्यकांत निषाद ने अपनी सफाई में कहा कि अब तक 31 हजार 700 क्विंटल धान की खरीदी हुई है, जबकि उठाव 17 हजार 220 क्विंटल ही हुआ है। उन्होंने दावा किया कि कोई अतिरिक्त धान नहीं लिया जा रहा है और सभी मानकों का पालन किया जा रहा है।
नोडल अधिकारी ने दी कार्रवाई की चेतावनी
नोडल अधिकारी अमित साहू ने कहा कि जिले के सभी केंद्र प्रभारियों को तय मानक के अनुसार ही धान लेने और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं। यदि भैंसतरा केंद्र में लापरवाही या मनमानी पाई गई, तो जांच कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।



